अब होटलों में आपको खाने के मेन्यू में ही खाद्य सामग्री की कीमतों के साथ यह भी बताया जाएगा कि कितना भोजना परोसा जाना है और उससे आपको कितनी कैलोरी मिलेगी। बताया जा रहा है कि केंद्र सरकार होटल और रेस्टोरेंट में परोसे जाने वाले खाने की मात्रा को लेकर सख्त नियम बना चुकी है। ये नियम सितंबर 2022 से लागू हो चुके हैं। इन नियमों की अनिवार्यता एक जून 2023 से किए जाने की तैयारी है। यानी होटलों द्वारा 31 मई के बाद नियमों का उल्लंघन किया गया तो उस पर कार्रवाई शुरू होगी।(Hotel rule for waste food)

 

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गौरतलब है कि इस नियम के माध्यम से सरकार चाहती है कि एक बार में व्यक्ति को उतना ही खाना परोसा जाए, जितना वह खा सकता है। साथ ही उसकी कैलोरी की मात्रा भी पता चल जाए। इस तरह भोजन की बर्बादी को रोकना भी है। छत्तीसगढ़ होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन के संरक्षक कमलजीत सिंह होरा ने बताया कि जून से इस नियम को अनिवार्य किए जाने की तैयारी है। बता दें कि होटल और रेस्टोरेंट्स में खाने की बर्बादी आम बात है जहां लोग खाने की अधिक मात्रा लेकर फिर उसे वैसे ही थाली में छोड़ देते हैं। लेकिन अब आगे से ऐसा नहीं हो पाएगा। अब आप अपने मनपसंद खाने को सीमित मात्रा में आसानी से खा सकते हैं। क्योंकि होटलों में मिलने वाले खाने में कैलोरी की जानकारी रहेगी। इससे आप बिना डरे और अपने अनुसार खाने को खा सकते हैं।(Hotel rule for waste food)

 

 

 

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होटलों को यह करना होगा तय

नियम के अनुसार होटलों को अब यह तय करना होगा कि टंगड़ी कबाब में तीन पीस हो या चार पीस। डोसा 150 ग्राम का हो या 200 ग्राम का। एक प्लेट इडली में कितने पीस होंगे। चावल की एक प्लेट में कितनी कैलोरी मिलेगी, दाल की मात्रा कितनी है और कैलोरी कितनी मिलेगी। यह पूरी जानकारी खाने के मेन्यू में ही देनी होगी।